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मणिपुर में मारे गए मेइतेई व्यक्ति ने परिवार से छिपाई थी राज्य में मौजूदगी, कुकी-ज़ो इलाके में रहने को लेकर था डर

National  •  👁 13 views  •  23 Jan 2026
मणिपुर में मारे गए मेइतेई व्यक्ति ने परिवार से छिपाई थी राज्य में मौजूदगी, कुकी-ज़ो इलाके में रहने को लेकर था डर
मणिपुर में जातीय हिंसा से जुड़ी एक और दर्दनाक कहानी सामने आई है। हाल ही में मारे गए एक मेइतेई समुदाय के व्यक्ति को लेकर उसके परिवार ने खुलासा किया है कि उसने अपनी मणिपुर में मौजूदगी की जानकारी परिवार को नहीं दी थी। परिवार के अनुसार, उसे डर था कि यदि यह पता चल गया कि वह कुकी-ज़ो बहुल इलाके में रह रहा है, तो परिजन उसका समर्थन नहीं करेंगे।
परिवार के सदस्यों ने बताया कि वह युवक लंबे समय से परिवार से संपर्क में था, लेकिन उसने कभी यह नहीं बताया कि वह मणिपुर में है। बाद में जब उसकी मौत की खबर आई, तब जाकर परिवार को उसकी वास्तविक स्थिति के बारे में जानकारी मिली। इस खुलासे ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
मणिपुर में पिछले कई महीनों से जारी जातीय तनाव के बीच लोगों के मन में डर और असुरक्षा की भावना लगातार बनी हुई है। कई लोग सामाजिक दबाव, पहचान और सुरक्षा कारणों से अपनी वास्तविक स्थिति छिपाने को मजबूर हो रहे हैं। इस मामले में भी माना जा रहा है कि पीड़ित ने संभावित पारिवारिक और सामाजिक असहमति से बचने के लिए चुप्पी बनाए रखी।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, जिस इलाके में वह व्यक्ति रह रहा था, वहां पहले भी हिंसा की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। सुरक्षा हालात अस्थिर होने के कारण आम नागरिकों की जान पर लगातार खतरा बना हुआ है।
मानवाधिकार संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह घटना मणिपुर संकट की मानवीय त्रासदी को उजागर करती है, जहां लोग न सिर्फ हिंसा का शिकार हो रहे हैं, बल्कि डर के कारण अपने ही परिवार से सच छिपाने को मजबूर हैं।
यह मामला एक बार फिर मणिपुर में शांति, संवाद और भरोसा बहाल करने की जरूरत को रेखांकित करता है।