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नगर निगम चुनावों में ‘बिना विरोध’ महायुति की जीत पर विवाद, MNS नेता ने बॉम्बे हाई कोर्ट में दायर की याचिका

Crime  •  👁 11 views  •  05 Jan 2026
 नगर निगम चुनावों में ‘बिना विरोध’ महायुति की जीत पर विवाद, MNS नेता ने बॉम्बे हाई कोर्ट में दायर की याचिका
महाराष्ट्र में नगर निगम चुनावों को लेकर एक नया राजनीतिक विवाद सामने आया है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के एक वरिष्ठ नेता ने महायुति को मिले ‘बिना विरोध’ चुनावी जीत के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि नगर निगम चुनावों में कई वार्डों में नियमों का पालन नहीं किया गया और लोकतांत्रिक प्रक्रिया को कमजोर किया गया है।
MNS नेता ने कोर्ट से मांग की है कि पूरे मामले की कोर्ट की निगरानी में स्वतंत्र जांच कराई जाए। साथ ही, जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक चुनाव नतीजों पर रोक (स्टे) लगाई जाए। याचिकाकर्ता का कहना है कि बड़ी संख्या में सीटों पर महायुति उम्मीदवारों का बिना किसी मुकाबले के निर्वाचित होना संदेह पैदा करता है और इससे चुनावी पारदर्शिता पर सवाल खड़े होते हैं।
याचिका में यह भी उल्लेख किया गया है कि कई संभावित उम्मीदवारों के नामांकन पत्रों को तकनीकी कारणों का हवाला देकर खारिज किया गया, जिससे विपक्ष को चुनाव लड़ने का अवसर नहीं मिल सका। MNS नेता का आरोप है कि यह सब एक सुनियोजित रणनीति के तहत किया गया ताकि सत्तारूढ़ गठबंधन को लाभ पहुंचाया जा सके।
इस मामले पर राजनीतिक हलकों में तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। विपक्षी दलों का कहना है कि यदि आरोप सही साबित होते हैं तो यह लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा है। वहीं, महायुति के नेताओं ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए कहा है कि सभी चुनावी प्रक्रियाएं कानून के अनुसार पूरी की गई हैं।
बॉम्बे हाई कोर्ट द्वारा इस याचिका पर सुनवाई के लिए तारीख तय किए जाने की संभावना है। यदि कोर्ट जांच के आदेश देता है, तो इसका असर न केवल नगर निगम चुनावों के नतीजों पर बल्कि महाराष्ट्र की राजनीति पर भी पड़ सकता है। आने वाले दिनों में यह मामला राज्य की सियासत में एक बड़ा मुद्दा बन सकता है, जिस पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।