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UP में वोट कटौती को लेकर अखिलेश यादव का आरोप: ‘EC और BJP मिलकर 1 करोड़ मुस्लिम, PDA वोट हटाने की साज़िश कर रहे’, कोर्ट जाने का ऐलान

Politics   •   👁 27 views   •   04 Feb 2026
UP में वोट कटौती को लेकर अखिलेश यादव का आरोप: ‘EC और BJP मिलकर 1 करोड़ मुस्लिम, PDA वोट हटाने की साज़िश कर रहे’, कोर्ट जाने का ऐलान
समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग और भारतीय जनता पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि उत्तर प्रदेश में कथित तौर पर एक करोड़ मुस्लिम और PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) वोटरों के नाम मतदाता सूची से हटाने की साज़िश की जा रही है। अखिलेश यादव ने स्पष्ट किया कि यदि यह प्रक्रिया नहीं रोकी गई, तो उनकी पार्टी इस मामले को लेकर अदालत का रुख करेगी।
लखनऊ में मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव आयोग को निष्पक्ष और स्वतंत्र संस्था के रूप में काम करना चाहिए, लेकिन मौजूदा हालात में वह BJP के दबाव में काम करता दिखाई दे रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि वोटर लिस्ट के “विशेष पुनरीक्षण” के नाम पर चुनिंदा वर्गों को निशाना बनाया जा रहा है, जिससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं।
अखिलेश ने कहा कि PDA वर्ग समाजवादी पार्टी का मुख्य सामाजिक आधार है और इन्हीं वोटरों को चुनाव से पहले व्यवस्थित तरीके से बाहर करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने इसे “लोकतंत्र के खिलाफ साज़िश” करार दिया और कहा कि चुनाव आयोग की भूमिका अब संदेह के घेरे में है।
समाजवादी पार्टी प्रमुख ने यह भी दावा किया कि ज़मीनी स्तर पर पार्टी कार्यकर्ताओं से लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही हैं कि मुस्लिम बहुल इलाकों और पिछड़े वर्गों के मोहल्लों में बड़ी संख्या में वोट काटे जा रहे हैं या सत्यापन के नाम पर परेशान किया जा रहा है।
हालांकि, चुनाव आयोग और BJP की ओर से इन आरोपों को लेकर अब तक कोई औपचारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अतीत में चुनाव आयोग इस तरह के आरोपों को खारिज करते हुए यह कहता रहा है कि मतदाता सूची का पुनरीक्षण एक नियमित और पारदर्शी प्रक्रिया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि लोकसभा चुनावों से पहले वोटर लिस्ट का मुद्दा उत्तर प्रदेश में बड़ा राजनीतिक विवाद बन सकता है। यदि मामला अदालत तक पहुंचता है, तो इसका असर न केवल चुनावी माहौल पर बल्कि चुनाव आयोग की साख पर भी पड़ सकता है।