The Current Scenario
--:--:-- | Loading...
🔴 हिलसा में महाशिवरात्रि को लेकर ब्रह्माकुमारी बहनों की भव्य चैतन्य शोभायात्रा, नगर हुआ भक्तिमय     🔴 खौफनाक वारदात: पत्नी की हत्या कर खेत में दफनाया शव, ऊपर बो दी गेहूं की फसल; दो महीने बाद खुला राज     🔴 पूर्व केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे पहुँचे स्वामी विवेकानंद अवार्ड सेरेमनी में     🔴 बाँका में DM और SP ने किया EVM/VVPAT वेयर हाउस का औचक निरीक्षण, सुरक्षा व्यवस्था की हुई गहन समीक्षा     🔴 लखीसराय पुलिस ने जारी किया पोस्टर, 14 वर्षीय किशोरी नेहा कुमारी लापता     🔴 मद्य निषेध के तहत बड़ी कार्रवाई, 69 लीटर अवैध शराब बरामद     🔴 दरभंगा में 6 साल की मासूम से दरिंदगी, इलाके में आक्रोश—आरोपी को कड़ी सजा की मांग     🔴 एकरससराय स्थित प्रसिद्ध आंगारी धाम की धर्मशाला जर्जर, हादसे का खतरा बढ़ा     🔴 अहमदाबाद के सेवेंथ डे एडवेंटिस्ट स्कूल में लगातार घटनाएँ, अभिभावकों में गहरी चिंता     🔴 खुदागंज थाना पहुंचा भटकता मिला 8 वर्षीय बालक, स्थानीय लोगों की मदद से पुलिस कर रही पहचान की कोशिश    
accident Airlines Animals Business Crime Economy Education Entertainment Environment Festival Health Inspection International law Local National Nature Politics Research social Social media Sports Technology walfare Weather

मुंबई की बिगड़ती हवा पर BMC का एक्शन: 28 हाई-टेक मशीनें लगेंगी, एक महीने में 21 बार AQI रहा ‘खराब’

Environment  •  👁 16 views  •  28 Jan 2026
मुंबई की बिगड़ती हवा पर BMC का एक्शन: 28 हाई-टेक मशीनें लगेंगी, एक महीने में 21 बार AQI रहा ‘खराब’
मुंबई: मुंबई में लगातार बिगड़ती हवा की गुणवत्ता (Air Quality Index – AQI) को देखते हुए बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) ने बड़ा कदम उठाया है। शहर में 28 हाई-टेक एयर पॉल्यूशन कंट्रोल मशीनें लगाने का फैसला किया गया है। यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है, जब पिछले एक महीने में 21 बार मुंबई की हवा ‘खराब’ श्रेणी में दर्ज की गई।
BMC अधिकारियों के अनुसार, ये हाई-टेक मशीनें धूल कणों (PM10 और PM2.5) को नियंत्रित करने में मदद करेंगी। खासतौर पर निर्माण स्थलों, व्यस्त सड़कों और ट्रैफिक-प्रभावित इलाकों में इन्हें लगाया जाएगा, जहां वायु प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक रहता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि खराब हवा का सीधा असर बच्चों, बुजुर्गों और सांस की बीमारी से जूझ रहे लोगों पर पड़ता है। बढ़ता प्रदूषण अस्थमा, एलर्जी, फेफड़ों और हृदय से जुड़ी बीमारियों का खतरा बढ़ा रहा है। ऐसे में BMC का यह कदम जनस्वास्थ्य की दृष्टि से अहम माना जा रहा है।
नगर निगम ने यह भी स्पष्ट किया है कि इन मशीनों के साथ-साथ निर्माण स्थलों पर धूल नियंत्रण नियमों को सख्ती से लागू, सड़कों की नियमित सफाई और पानी का छिड़काव भी किया जाएगा। इसके अलावा, प्रदूषण फैलाने वालों पर जुर्माना लगाने की कार्रवाई तेज की जाएगी।
पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि तकनीकी उपाय जरूरी हैं, लेकिन लंबे समय में ट्रैफिक नियंत्रण, हरियाली बढ़ाने और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देने जैसे कदम भी उतने ही आवश्यक हैं।
मुंबई की हवा में बढ़ते प्रदूषण ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि शहरी विकास के साथ पर्यावरण संतुलन बनाए रखना अब एक बड़ी चुनौती बन चुका है।