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AI कैसे कोर्ट में अपनी बात रख रहा है, ट्रायल और गलतियों को कम कर रहा है

Technology  •  👁 15 views  •  09 Jan 2026
AI कैसे कोर्ट में अपनी बात रख रहा है, ट्रायल और गलतियों को कम कर रहा है
जबकि केंद्रीय कानून और न्याय मंत्रालय ने अपने पिछले सत्र में संसद को बताया था कि भारतीय अदालतों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की “खोज” की जा रही है, यह अदालतों से लेकर वकीलों के चैंबर तक अपना विस्तार कर रहा है।
‘TERES (या टेक्नोलॉजी इनेबल्ड रिसॉल्यूशन)’ नाम का एक ट्रांसक्रिप्शन सिस्टम अब कॉन्स्टिट्यूशन बेंच की सुनवाई के दौरान बोलकर कही गई बातों को रियल टाइम में टेक्स्ट में बदलने के लिए इस्तेमाल किया जाता है, जिससे तेज़ सुनवाई को सही तरीके से रिकॉर्ड करने में लंबे समय से आ रही रुकावट दूर होती है। भारत में डेवलप किया गया TERES अब देश के बाहर विवाद सुलझाने वाली संस्थाओं द्वारा भी इस्तेमाल किया जा रहा है, जिसमें दुबई, अबू धाबी और सिंगापुर की अदालतें शामिल हैं।