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अंपायरों के लिए खतरा बढ़ा: ICC को संजू सैमसन, हार्दिक पांड्या जैसे हार्ड‑हिटर से बचाने की जरूरत

Sports  •  👁 17 views  •  24 Jan 2026
 अंपायरों के लिए खतरा बढ़ा: ICC को संजू सैमसन, हार्दिक पांड्या जैसे हार्ड‑हिटर से बचाने की जरूरत
क्रिकेट जहां दर्शकों के लिए रोमांचक है, वहीं मैदान पर अंपायरों के लिए खतरनाक स्थिति बनती जा रही है। मौजूदा दौर में टी20 जैसे छोटे‑फॉर्मेट मैचों में तेज व्यवहार वाले बल्लेबाजों के बढ़ते आक्रामक शॉट्स के कारण अंपायरों को बार‑बार गेंदों के सीधे करीब आने का सामना करना पड़ता है। इसी मुद्दे पर विशेषज्ञों ने इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) को चेतावनी दी है कि अंपायरों की सुरक्षा के उपायों पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।
विशेष रूप से भारतीय क्रिकेट के संजू सैमसन और हार्दिक पांड्या जैसे हार्ड‑हिटर बल्लेबाजों के तेज शॉट्स कई बार ऐसी दिशा में जा रहे हैं जहां अंपायर अनायास ही गेंद के रास्ते में आ सकते हैं। इससे हाल ही में खेले गए वाइट‑बॉल सीरीज में भी एक अंपायर को गेंद लगने या करीब से गुजरने जैसी घटनाएँ सामने आईं, जो खेल के दौरान उनके लिए गंभीर जोखिम पैदा करती हैं।
क्रिकेट के बढ़ते व्यस्त शेड्यूल और टी20 मैचों की संख्या में वृद्धि का मतलब है कि ज्यादा तेज़ और आक्रामक खेल देखने को मिलता है। लेकिन इसका एक नकारात्मक पहलू यह है कि अंपायर पर गेंद का आकस्मिक प्रभाव बढ़ता जा रहा है, जिससे चोट लगने का खतरा भी बढ़ता है। ICC को चाहिए कि वह उन्नत सुरक्षा उपायों जैसे पेडेड गियर, बेहतर हेलमेट, या अंपायर के स्थान पर बदलाव के विकल्पों पर गंभीरता से विचार करे।
आज के उभरते क्रिकेटरों के लिए शॉट मारना जैसे हुनर का हिस्सा है, लेकिन खेल की विश्व‑स्तरीय संस्था के लिए यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि अंपायरों की भलाई के बिना कोई भी रोमांच सुरक्षित नहीं माना जा सकता। युवा और अनुभवी दोनों तरह के बल्लेबाज खेल को तेज़ बनाते हैं, लेकिन खेल के नियम और सुरक्षा मानक भी समय के साथ आगे बढ़ने चाहिए ताकि मैदान पर हर व्यक्ति सुरक्षित रहे।
आईसीसी को अब यह तय करना होगा कि वह खेल और सुरक्षा के बीच संतुलन कैसे बनाए, ताकि अंपायरों को अनावश्यक जोखिम से बचाया जा सके और खेल का मज़ा भी बरकरार रहे।